Rewa News: लापरवाही पर प्रशासन का सख्त रुख- रीवा में 15 पटवारी निलंबित 

कलेक्टर के निर्देश पर SDM ने जारी किए आदेश, स्वामित्व योजना में बरत रहे थे ढिलाई

 

रीवा। स्वामित्व योजना के क्रियान्वयन में लापरवाही और वरिष्ठ अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना करने पर रीवा प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। कलेक्टर नरेंद्र कुमार सूर्यवंशी के कड़े निर्देशों के बाद संबंधित उपखंड अधिकारियों (SDM) ने गुरुवार को 15 पटवारियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया है।


नोटिस के बाद भी नहीं सुधरी कार्यप्रणाली
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार, निलंबित पटवारियों को स्वामित्व योजना के अंतर्गत ग्रामीण क्षेत्रों में संपत्ति के सर्वे, भौतिक सत्यापन और राजस्व अभिलेखों से जुड़े महत्वपूर्ण कार्य सौंपे गए थे। समय-सीमा के भीतर काम पूरा न करने पर प्रशासन द्वारा पूर्व में इन्हें कारण बताओ नोटिस भी जारी किए गए थे। हालांकि, नोटिस मिलने के बावजूद कार्यों में कोई अपेक्षित प्रगति नहीं देखी गई, जिसके चलते यह कठोर दंडात्मक कार्रवाई की गई।


इन 15 पटवारियों पर गिरी गाज
कार्रवाई की ज़द में आए निलंबित पटवारियों में अजय पटेल (हल्का भटिगवां), अभिनव तिवारी (हल्का अमिरती), आशीष पांडेय (हल्का उमरी), इकबाल (हल्का व्योहरा), कौशल कोल (हल्का भौवार), नम्रता साहू (हल्का हर्दिकला), निशांत नागवंशी (हल्का सूती), प्रकाश सोनी (हल्का रौरा), प्रशांत त्रिपाठी (हल्का मरैला), पुष्पराज सिंह (हल्का कोराव अमिलिया), बृजेश गुप्ता (हल्का लौवा लक्ष्मणपुर), मधुर सिंह (हल्का मनिकवार), योगेश डाबर (हल्का जवा), योगिता सिंह (हल्का बबैया) और सौरभ सिंह (हल्का इटार पहाड़) शामिल हैं।


अब जानिए क्या है स्वामित्व योजना 
स्वामित्व योजना के तहत ग्रामीण आबादी क्षेत्र में रहने वाले लोगों को उनकी संपत्ति का आधिकारिक मालिकाना हक (अधिकार पत्र) प्रदान किया जाता है। इसके लिए भूमि का आधुनिक तकनीकों से सर्वे, सत्यापन और डिजिटल रिकॉर्ड तैयार किया जाता है, जिससे ग्रामीणों को वित्तीय लाभ और संपत्ति दस्तावेज आसानी से मिल सकें।


ढिलाई बर्दाश्त नहीं होगी: जिला प्रशासन 
ज़िला प्रशासन ने स्पष्ट संदेश दिया है कि आमजन से जुड़ी शासकीय योजनाओं और जनकल्याणकारी कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। भविष्य में भी यदि कोई अधिकारी या कर्मचारी अपने दायित्वों के प्रति लापरवाह पाया गया, तो उसके खिलाफ इसी तरह की अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।