Rewa News: रीवा में केंद्रीय बजट 2026 पर मिली-जुली प्रतिक्रिया; कुछ ने सराहा, कुछ ने कहा निराशाजनक
केंद्रीय बजट विकसित भारत की दिशा में महत्वपूर्ण और दूरदर्शी कदम: उप मुख्यमंत्री
रीवा। उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने केंद्रीय बजट 2026-27 को विकसित भारत की दिशा में महत्वपूर्ण और दूरदर्शी कदम बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में विकसित भारत 2047 के दृष्टिकोण को नई गति देता है। बजट में समग्र राष्ट्र दृष्टिकोण और पंच प्राण के सिद्धांत को मूर्त रूप दिया गया है। उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने प्रधानमंत्री मोदी के प्रति आभार व्यक्त किया और केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण को इस ऐतिहासिक बजट के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दी हैं।

उप मुख्यमंत्री श्री शुक्ल ने कहा कि बजट का उद्देश्य समग्र और सर्वस्पर्शी विकास को सुनिश्चित करना है, ताकि देश के हर क्षेत्र और नागरिक तक विकास की लहर पहुँच सके। उन्होंने कहा कि पूंजीगत व्यय को रिकॉर्ड स्तर तक बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये किया गया है, जिससे बुनियादी ढांचे, परिवहन, ऊर्जा और डिजिटल संपर्क को मजबूती मिलेगी तथा रोजगार और उत्पादन में वृद्धि होगी। साथ ही, सरकार ने राजकोषीय अनुशासन बनाए रखते हुए राजकोषीय घाटा 4.3 प्रतिशत के करीब रखा है, जिससे दीर्घकालिक आर्थिक स्थिरता सुनिश्चित होगी।
बजट 'विकसित भारत' के संकल्प को सिद्ध करने वाला ऐतिहासिक दस्तावेज: सिद्धार्थ तिवारी 'राज'

भाजपा विधायक सिद्धार्थ तिवारी 'राज' ने केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट की सराहना करते हुए इसे जन-कल्याणकारी और भविष्योन्मुखी बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 2047 तक भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के विजन को धरातल पर उतारने वाला है। विधायक तिवारी ने कहा कि बजट में गाँव, गरीब, किसान, युवा और महिलाओं के सशक्तिकरण पर विशेष ध्यान दिया गया है। यह समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को मुख्यधारा से जोड़ने का संकल्प है। बजट में 'इंटर्नशिप प्रोग्रामÓ और कौशल विकास के लिए किए गए वित्तीय प्रावधानों से युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार खुलेंगे।
'युवा शक्ति' एवं कौशल विकास पर केंद्रित बजट: हिमांशु कौशल गुप्ता

डिजिटल इंडिया की सोच को आगे बढ़ाते हुए युवाओं के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डेटा, साइबर टेक्नोलॉजी और नई उभरती तकनीकों में कौशल विकास पर भी ध्यान दिया गया है। बजट में देश के युवाओं को आत्मनिर्भर, सक्षम और रोजगारोन्मुखी बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं। यह बजट 'युवा शक्तिÓ को राष्ट्र निर्माण की धुरी मानते हुए शिक्षा, कौशल विकास, स्टार्टअप, रोजगार और डिजिटल अवसरों को मजबूती प्रदान करता है।
केन्द्रीय बजट 2026 का स्वागत है: राजकुमार टिलवानी

बजट में सबका विकास के लक्ष्यों पर फोकस किया गया है। बजट में भारत के उज्जवल भविष्य की नींव को सशक्त करने के ध्यान रखते हुए बनाया गया है। बजट में स्टार्टअप और लघु एंव मध्यम उद्यमों के लिए प्रोत्साहन देकर युवाओं को अपना उद्यम स्थापित करने का अवसर प्रदान करने वाला बनाया गया है। बजट में भारत के लिए एक मजबूत आधार तैयार करने पर जोर दिया गया है सर्व वर्ग के लिए यह बजट शानदार है।
भारत के संकल्प को गति देने वाला बजट: एड.विवेक पाण्डेय

यह बजट विकसित भारत के संकल्प को गति देने वाला है, जिसमें गरीब, किसान, महिला और युवा सहित समाज के हर वर्ग के सशक्तिकरण का स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत किया गया है। वर्ष 2026-27 का बजट गांव और गरीब की, कृषि और किसान की तस्वीर तथा तकदीर बदलने वाला बजट है।
युवाओं के सपनों, किसानों की सुरक्षा, उद्यमियों के आत्मविश्वास और मध्यम वर्ग की आकांक्षाओं को केंद्र में रखकर देश को नई गति देने वाला बजट है। यह बजट देश को आत्मनिर्भर, सशक्त और वैश्विक नेतृत्वकर्ता बनाने की दिशा में ऐतिहासिक कदम है।
अधोसंरचना के विकास पर केंद्रित बजट: शंकर सहानी

केंद्रीय वित्तमंत्री श्रीमती निर्मला सीतारमण द्वारा लगातार 9 वीं बार पेश किये गये बजट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए रेवांचल चेंबर ऑफ कॉमर्स के महासचिव शंकर सहानी ने कहा कि यह बजट स्वास्थ्य और व्यापार जगत के साथ- साथ अधोसंरचना के विकास पर केंद्रित गरीब, किसान, युवा, महिला, मध्यम वर्गीय और आम आदमी को ध्यान में रखकर बनाया गया बजट है।
ऐतिहासिक, सर्वसमावेशी और दूरदर्शी बजट: डॉ. सोनल शर्मा

डॉ. सोनल शर्मा भाजपा नेता त्योंथर ने नौवें केंद्रीय बजट की सराहना करते हुए इसे विकसित भारत-2047 की दिशा में एक ऐतिहासिक, सर्वसमावेशी और दूरदर्शी बजट बताया। तथा उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा प्रस्तुत यह बजट युवा, किसान, बागवान, महिलाएं, व्यापारी, कर्मचारी, एसएमई और मध्यम वर्ग सहित समाज के हर वर्ग का संतुलित रूप से ख्याल रखने वाला है। उन्होंने कहा कि यह बजट देश को आत्मनिर्भर और सशक्त बनाने का स्पष्ट रोडमैप प्रस्तुत करता है।
विकसित भारत के संकल्प को सिद्ध करने वाला जनहितैषी बजट: डॉ. अनिल पटेल

प्रदेश सह मीडिया प्रभारी डॉ. अनिल पटेल ने केंद्रीय बजट का स्वागत करते हुए इसे देश के सर्वांगीण विकास, किसानों की समृद्धि और मध्यम वर्ग को राहत देने वाला ऐतिहासिक दस्तावेज बताया है। डॉ. अनिल पटेल ने कहा कि यह बजट न केवल वर्तमान की जरूरतों को पूरा करता है, बल्कि 2047 के विकसित भारत की मजबूत नींव भी रखता है।
केंद्रीय बजट व्यापारियों एवं उद्यमियों के लिए राहत भरा: महेश ठारवानी

कैट मध्य प्रदेश के वरिष्ठ उपाध्यक्ष के महेश ठारवानी ने इस बजट को देश के व्यापारियों, उद्यमियों, निवेशको और विशेष रूप से सूक्ष्म, लघु एवं उत्तम माध्यम उद्यमों के लिये आत्मविश्वास से भरे दस हजार करोड़ के पैकेज पर बात करते हुये कहा कि इससे हमारा एमएसएमई सेक्टर मजबूत होगा और आसान ऋण उपलबध होगा। छोटे उद्यौगों को और व्यापारियों को नई ऊंचाईया प्रदान करेगा। कुल मिलाकर यह बजट आत्मनिर्भर, प्रतिस्पर्धी एवं समावेशी भारत के निर्माण की दिशा में एक मजबूत कदम है।
बजट 2026 में युवाओं के रोजगार को लेकर कोई ठोस प्रावधान नहीं: सर्वेश मिश्रा

छात्र नेता सर्वेश मिश्रा ने कहा कि बजट में युवाओं के रोज़गार को लेकर कोई ठोस प्रावधान नहीं है। बजट भाषण में 'कौशल', 'स्टार्टअप' और 'आत्मनिर्भरता' जैसे शब्दों का उपयोग तो किया गया, लेकिन स्थायी नौकरियों के सृजन, रिक्त सरकारी पदों की भर्ती और निजी क्षेत्र में रोज़गार बढ़ाने को लेकर कोई स्पष्ट योजना सामने नहीं आई। यह बजट देश के करोड़ों शिक्षित-बेरोज़गार युवाओं की आशाओं और अपेक्षाओं के साथ एक बार फिर निराशाजनक साबित हुआ है।
विकसित भारत के संकल्प का बजट: नरेन्द्र शर्मा
वास्तव में एक बेहद दूरदर्शी और ऐतिहासिक बजट है। यह बजट केवल वर्तमान के लिए नहीं, बल्कि साल 2047 तक भारत को एक विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प को पूरा करने वाला रोडमैप है।
इस बजट में समाज के हर वर्ग और देश के हर क्षेत्र के विकास का ध्यान रखा गया है। जहाँ एक तरफ बुनियादी ढांचे और ग्रामीण विकास पर जोर दिया गया है, वहीं दूसरी तरफ शहरीकरण और स्वरोजगार को भी प्राथमिकता दी गई है।
मूलभूत चिंताओं को ठोस रूप से सुलझाना जरूरी: निखिल
केंद्रीय बजट 2026-27 में शिक्षा क्षेत्र के लिए करीब 1.39 लाख करोड़ का आवंटन रखा गया है, जिससे स्कूल से लेकर उच्च शिक्षा तक समर्थन बढ़ा है और कौशल विकास पर ध्यान दिया गया है।
यह पहली बार नहीं है कि छात्रों और युवाओं के बारे में सोचा गया है, लेकिन आज का विद्यार्थी सिर्फ योजनाएँ नहीं चाहता—वह सा$फ, निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था, पेपर लीक से सुरक्षा और भविष्य-योग्य रोजगार/वैकेंसी अवसर भी चाहता है। अगर बजट सच में युवा शक्ति के नाम पर है, तो इन मूलभूत चिंताओं को भी ठोस रूप से सुलझाना अब समय की ज़रूरत है।
पेश हुआ बजट देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा: प्रबोध व्यास
आज प्रस्तुत हुए केंद्रीय बजट में मोदी सरकार ने देश के समग्र विकास, आर्थिक मजबूती और जनकल्याण को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। इस बजट में किसान, युवा, महिला, गरीब और मध्यम वर्ग के हितों को केंद्र में रखते हुए रोजगार सृजन, शिक्षा, स्वास्थ्य, अवसंरचना और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण पर विशेष जोर दिया गया है।
केंद्रीय बजट पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुये प्रबोध व्यास (जिला उपाध्यक्ष, भाजपा) एवं उपेंद्र चन्द्र दुबे (जिला कार्यसमिति सदस्य, भाजपा) ने संयुक्त रूप से कहा कि यह जनहितकारी बजट देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देगा, निवेश को प्रोत्साहित करेगा और हर वर्ग के जीवन स्तर में सकारात्मक परिवर्तन लाएगा।
किसानों के लिए निराशाजनक बजट: शिव सिंह

संयुक्त किसान मोर्चे के नेता किसान संघर्ष समिति के राष्ट्रीय प्रवक्ता शिव सिंह एडवोकेट ने कहा कि मौजूदा बजट किसान विरोधी बजट है क्योंकि इस बजट में किसानों बटाईदारों और खेत मजदूरों के लिए कुछ भी नहीं है। ये कृषि और कृषकों के विरुद्ध साजि़श का बजट है। इस बजट में नहर नलकूप सिंचाई के लिए कोई धन आवंटित नहीं किया गया।
कृषि प्रधान देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ की हड्डी को तोड़ डालना चाहती है भाजपा कॉरपोरेट परस्त सरकार। शिव सिंह ने कहा कि यह सिर्फ पांच $फीसदी लोगों के हित का बजट है। बजट किसान मजदूर गरीब युवा विरोधी है। जब तक एमएसपी की कानूनी गारंटी का कानून नहीं बनाया जाएगा तब तक किसान खुशहाल नहीं होगा।